धर्मेन्द्र कुमार लाठ पूर्णिया ब्यूरो
पूर्णियां। पैगंबर-ए-इस्लाम हजरत मोहम्मद साहब की जयंती ईद-ए-मिलाद-उन-नबी के रूप में बुधवार को पूर्णिया शहर में पूरे अकीदत, एहतराम और उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर मुस्लिम समुदाय के लोगों ने विशाल जुलूस निकाला। जुलूस में बड़ी संख्या में बुजुर्ग, युवा और बच्चे शामिल हुए। अकीदतमंदों ने अमन-चैन, भाईचारे और देश की खुशहाली की दुआ मांगी।जुलूस की शुरुआत रंगभूमि मैदान से हुई। इसके बाद जुलूस गिरजा चौक, रजनी चौक, लाइन बाजार और फोर्ड कंपनी चौक होते हुए वापस रंगभूमि मैदान पहुंचा, जहां इसका समापन हुआ। जुलूस के दौरान लोगों ने आपसी भाईचारे और सौहार्द का संदेश दिया।
जगह-जगह शरबत और पेयजल की व्यवस्था
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी के मौके पर शहर के विभिन्न स्थानों पर जुलूस में शामिल लोगों के लिए शरबत और पेयजल की व्यवस्था की गई थी। लोगों ने अकीदतमंदों का स्वागत करते हुए उन्हें शरबत और पानी पिलाया।वहीं, युवाओं की ओर से कई स्थानों पर सामाजिक सेवा के कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में मरीजों के बीच फल का वितरण किया गया। आयोजकों ने कहा कि पैगंबर मोहम्मद साहब की शिक्षाओं में इंसानियत, जरूरतमंदों की मदद और आपसी भाईचारे को विशेष महत्व दिया गया है।
इंसानियत, समानता और भाईचारे का संदेश
इस अवसर पर उलेमाओं और वक्ताओं ने पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब के जीवन और उनके संदेशों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि पैगंबर साहब ने समाज में सच्चाई, इंसाफ, समानता, भाईचारे और इंसानियत का संदेश दिया।
वक्ताओं ने कहा कि अमीर-गरीब, जाति और रंग के भेदभाव से ऊपर उठकर सभी इंसानों के साथ समान व्यवहार करना तथा गरीब, अनाथ, कमजोर और जरूरतमंद लोगों की मदद करना उनके संदेशों का महत्वपूर्ण हिस्सा है।लोगों ने कहा कि ईद-ए-मिलाद-उन-नबी केवल खुशी मनाने का अवसर नहीं, बल्कि आपसी प्रेम, भाईचारे और अमन-चैन का संदेश देने वाला पर्व भी है। सभी लोगों को मिल-जुलकर समाज में शांति और सौहार्द बनाए रखना चाहिए।
सुरक्षा व्यवस्था रही मुस्तैद
विशाल जुलूस को लेकर प्रशासन और पुलिस की ओर से सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। शहर के प्रमुख मार्गों और संवेदनशील स्थानों पर पुलिस बल की तैनाती की गई। जुलूस शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी के मौके पर पूरे शहर में उत्साह और धार्मिक माहौल देखने को मिला। अकीदतमंदों ने देश में अमन, शांति, खुशहाली और आपसी भाईचारे के लिए दुआ की।








